Skip to main content
- जी बताइये?
- डॉ साब आप हमारी बात पूरी सुन लीजिये
- जी, कहिये
- कल जब मेरा बच्चा सो कर उठा तो थोड़ा अलसाया हुआ था l हालाँकि परसों रात में हम लोग पिक्चर देखने गए थे ' सोनू के टीटू की स्वीटी ' तो देर हो गई थी सोते - सोते l
- परेशानी क्या है बच्चे को ये तो बताइये?
- जी, वही तो बता रही हूँ l फिर दिन में उसने खूब खाया l कल ना, मेरे पापा भी आये थे घाटमपुर से l वो खरबूजे लाये थे तो इसने भी खाए l पर डॉ साब हमने उन्हें फ्रिज में रखकर ठंडा कर दिया था ....
- अरे आप ये तो बताइये कि बच्चे को क्या हुआ?
- हाँ, बता तो रही हूँ l बच्चा मेरा दिन भर ठीक रहा, शाम को उसने कहा कि मम्मा पेटू में दर्द तो मैंने सोचा दांत - वांत निकल रहे होंगे l फिर मेरी सास ने थोड़ी सी हींग घोल कर पिला दी और थोड़ी पेट पर लगा भी दी l अगले एक घंटे तक वह ठीक रहा l कुत्ते के साथ खेला वह और पड़ोस की मिन्नी के साथ भी l मैं मना करती हूँ उसके साथ खेलने से पर वह मानता ही नहीं, बहुत गंदी रहती है मिन्नी .........
दस मिनट से कलम हाथ में लिए बैठा हूँ, हिस्ट्री ऑफ़ प्रजेंट इलनेस तो है पर चीफ़ कम्प्लेंट्स ही नहीं पकड़ में आ रही हैं .....

Comments

Popular posts from this blog

  ! तेज़ पुराण !! तहलका में खूब तहलका मचा है खेल हुआ ख़त्म अब क्या बचा है !! तेजपाल निश्तेज हो गए , बुरे हैं अब हालात लिफ्ट नहीं सीढ़ी से अब तो जायेंगे हवालात !! उनके क्रिया कलापों पर है , अब गंभीर सवाल हफ्ते भर से मीडिया में , छाया यही बवाल !! बेटी की उम्र की महिला से , उत्पीड़न का आरोप कई तरह की धाराएं , दी गयी हैं थोप !! तेजपाल के अनुसार ये है विरोधियों का वार मैं तो दूध का धुला हूँ हाँ तबियत का थोड़ा खुला हूँ दारू पीकर थोड़ा मज़ाक कर रहा था बस इधर उधर थोड़ा तांक झाँक कर रहा था आखिर मैं उसका बॉस हूँ ऊपर से मैं कुछ ख़ास हूँ मैंने मीडिया जगत में तहलका मचाया है सबको खुफिया कैमरे का इस्तेमाल सिखाया है उसी कैमरे की वजह से आज मैं परेशान हूँ आगे क्या होगा यही सोच कर हैरान हूँ ये हमारे खिलाफ एक राजनैतिक साजिश है सबको हमारी चोटी खींचने की ख्वाहिश है ............................................. ............................... समय की कमी के कारण पुराण का प्रथम अध्याय यहीं समाप्त होता है ... अगले अध्याय सहित फिर हाज़िर होंगे बोलो किशन कन्हैया की जय !! 37 You, Sandeep Shukla, DrSaurabh Bajpai...
  !! अरविन्द - नामा !! आओ अरविन्द केज़रीवाल को आंकते हैं ! पहले थोड़ा पीछे झांकते हैं !! ( 1 ) बात करते हैं पिछले साल की वही शुरूआती जन लोकपाल की एक नया चेहरा टी वी पर अक्सर आने लगा धीरे धीरे प्राइम टाइम पर छाने लगा कुछ तो मीडिया के बुद्धिजीवी प्रभावित कुछ टी आर पी का चक्कर बन्दा खड़ा रहा डटकर मामूली सा इंसान चौखाने की शर्ट पैंट से बाहर लटकती हुई दो सौ रुपये वाला चश्मे का फ्रेम पचास किलो का चवन्नी छाप आदमी मीडिया की तवज्जो से मठाधीश बौखला गए वो कुछ भी कहता लोग पूछते तुम कौन ? वह बोलता - आम आदमी तो ?? तो क्या तुम हमसे सवाल करोगे ? गन्दी नाली के कीड़े ( गटर स्नाइप्स ) हिम्मत है तो चुनाव लड़ो एक करोड़ तो चुनाव प्रचार में ही लगते हैं दारु शारू , दुनिया भर का ऊपर से खर्चा दस करोड़ !! है औकात तुम्हारी उसके बाद विधायक खरीदने / बचाने का पैसा अलग कुछ पता भी है तुम्हे चले आये मुह उठा कर जी हम भी चुनाव लड़ेंगे जाओ चुनाव जीतना फिर बताना ( 2 ) चुनाव जीत गए तो कौन सा तीर मार लिया पिछले तिरसठ सालों से हम ने न जाने कितने चुनाव जीते हैं कितनी सरकारें चलायीं / गिरायीं अब तुम चला...
चिल्ड्रेन्स हॉस्पिटल : कुछ नोट्स ( 2 ) " साढ़े नौ का टाइम लिखा रखा है, दस बजने वाले हैं अभी तक डॉ नहीं बैठे हैं. क्या तमाशा बना रखा है," शगुन के पापा गुस्से में रिसेप्शनिष्ट लड़की को हडकाए जा रहे हैं. भैया, आने वाले हैं बस डॉ, तब तक आप बच्चे को पानी से स्पंज करा दीजिए. सिस्टर जी बच्चे का बुखार नाप कर स्पन्जिंग करवाइए, गुनगुने पानी से. शगुन की मम्मी शगुन के माथे पर पट्टियां तो रख सकती हैं परन्तु बुखार में बच्चे को नहलाना ... न बाबा न. निमोनिया जकड़ लेगी सीने को. इनका बच्चा तो है नहीं, जो मन में आया बोल दिया. मम्मी जी धीरे धीरे भुनभुना रही हैं. चादर से और लपेट दिया बच्चे को. " डॉ साब साढ़े दस बजे आएंगे " रिसेप्शनिष्ट ने फोन रखते हुए चिल्लाकर कहा. ताकि सभी सुन ले. अभी वो बाहर गए हुए हैं. चलो कहीं और दिखा लेते हैं, डॉ तो अभी यहाँ आए नहीं. पिता जी के प्रस्ताव को माता जी ने धीरे से ठुकरा दिया, " नहीं. शगुन की दवा इन्ही डॉ की सूट करती है." मैं तो बच्चों का हॉस्पिटल हूँ, मुझे यह बात पता है कि रिसेप्शनिष्ट झूठ बोल रही है. डॉ, मेरे कैम्पस में घर पर ही ...