रिमझिम मेघा बरसे
छाता लेकर गुल्लू भैया
निकल पड़े घर से
रिमझिम रिमझिम रिमझिम रिमझिम
रिमझिम मेघा बरसे
निकल पड़े घर से
रिमझिम रिमझिम रिमझिम रिमझिम
रिमझिम मेघा बरसे
रेनी डे है
छुट्टी है
स्कूल नहीं है जाना
पर बारिश में उन्हें भीगने का
मिल गया बहाना
बूंदों से मिलने के खातिर
कितना मन तरसे
रिमझिम मेघा बरसे
छुट्टी है
स्कूल नहीं है जाना
पर बारिश में उन्हें भीगने का
मिल गया बहाना
बूंदों से मिलने के खातिर
कितना मन तरसे
रिमझिम मेघा बरसे
आगे आगे
मेढक उछले
पीछे गुल्लू भैया
चली गई मकई के खेतों में
गुल्लू की गैया
मेढक उछले
पीछे गुल्लू भैया
चली गई मकई के खेतों में
गुल्लू की गैया
कक्कू चिल्लाए हैं देखो
छत के ऊपर से
रिमझिम मेघा बरसे
छत के ऊपर से
रिमझिम मेघा बरसे
गुल्लू वहाँ
मेड़ पर बैठे
देखें वीरबहूटी
जल्दी - जल्दी खेत चरे
गुल्लू की गाय कलूटी
मेड़ पर बैठे
देखें वीरबहूटी
जल्दी - जल्दी खेत चरे
गुल्लू की गाय कलूटी
तभी अचानक भागे गुल्लू
कक्कू के डर से
रिमझिम मेघा बरसे
कक्कू के डर से
रिमझिम मेघा बरसे
- प्रदीप शुक्ल
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